Sunday, 18 November 2012

10. Peas and Paneer vegetable/मटर और पनीर की सब्जी


10. Peas and Paneer vegetable/मटर और पनीर की सब्जी-


सामग्री- 100 ग्राम मटर , 200 ग्राम पनीर , तेल एक बडा चम्मच , 2 प्याज मध्यम आकार के, लहसुन की कलियाँ 5-6, 3 मध्यम आकार के टमाटर, छोटा टुकडा अदरक,  नमक स्वादानुसार, लाल मिर्च चाय का चम्मच आधा, हल्दी चाय का चम्मच एक चौथाई, गरम मसाला चाय का चम्मच एक चौथाई, धनिया पाउडर एक चाय का चम्मच, पनीर तलने के लिए तेल , हरा धनिया बारीक कटा हुआ ।


विधि- मटर छीलकर पानी में धो लिए और पनीर के इच्छानुसार टुकड़े काटकर तल कर अलग रख लिए । एक कुकर में एक बड़ा चम्मच तेल डाला और गरम किया । बारीक कटे हुए प्याज को तेल में डाला और जब वे लाल हो गए तो उसमें पहले से पिसा हुआ मसाला (अदरक, लहसुन और टमाटर) को डाल दिया । इसके साथ ही सारे मसाले सिवाय गर्म मसाले के सब इस भूनते हुए मसाले में डाल दिए । जब तेल और मसाला अलग होने लगे तो उसमें मटर और पनीर के टुकड़े डाल दिए । इन सब को पांच मिनट तक भूना , फिर इतना पानी डाला जिसमें पनीर और मटर डूब जाएं । अब कुकर बंद कर दिया और सीटी लगा दी । करीब चार -पांच सीटियां बजने के बाद गैस बंद कर दिया । भाप निकल जाने पर कुकर खोला और सब्जी में गरम मसाला और कटा हरा धनिया डाला । फिर रोटी या सादे परांठे के साथ सब्जी परोसी। 

9. Moong ki pili daal without husk/मूंग की पीली दाल बिना छिलके की

9. मूंग की पीली दाल बिना छिलके की 

सामग्री- एक कप मूंग की पीली दाल, नमक स्वादानुसार, चौथाई चाय का चम्मच हल्दी , आधा चाय का चम्मच लाल मिर्च पाउडर, हरा धनिया/ कसूरी मेथी, एक चुटकी हींग, एक बड़ा चम्मच देशी घी, चौथाई चाय का चम्मच गर्म मसाला, एक चाय का चम्मच जीरा, तीन कप पानी । 
विधि- दाल को तीन बार धोकर एक बड़े पतीले में ले लिया । उसमें तीन कप पानी डाल कर पतीले को आंच पर रख दिया । जैसे ही उबाल आया, आंच को धीमा कर दिया । उसमें हल्दी और नमक डालकर थोड़ा घी  उसमें डाल दिया ताकि उबाल आने पर पानी गैस पर न गिरे । बीच -बीच में दाल को हिलाते रहे ताकि पतीले से दाल लग न जाए । जब दाल गल गई और अच्छी तरह घुल-मिल गई । इसके साथ ही दाल का गाढ़ापन भी ऐसे हो जैसे कि पकौड़े का घोल होता है । यदि पानी कम हो तो और पानी लेकर दाल में डाल दें ताकि सही गाढ़ापन हो। जब दाल तैयार हो जाए तो गैस बंद कर दें और अब दाल में छौंक  लगाएं । 

छौंक - एक फ्राई पैन को गैस पर रखा और उसमें घी डाल दिया । जब घी  गर्म हो जाए तो उसमें हींग डाल दी और साथ में जीरा भी । जब जीरा लाल हो जाए तो गैस बंद कर दें और लाल मिर्च पाउडर डाल दें ताकि लाल मिर्च पाउडर जल न जाए । अब इस छौंक को दाल में डालें साथ में ऊपर से गर्म मसाला बुरक दें । इसके साथ ही दाल को कटे हरे धनिए या कसूरी मेथी से सजा दें । 

नोट - इस दाल के साथ भिण्डी , आलू , करेले की सब्जी बहुत अच्छी लगाती है । इसके साथ फुलके खाने चाहिए जिन पर देशी घी लगा हो । साथ में पापड़ और हरी खट्टी चटनी का मज़ा ही अलग है । 

Wednesday, 19 September 2012

6. Black whole Urad dal with rajma/red beans काली साबुत उर्द की दाल और राजमा (मखानी दाल), 7. Tandoori roti/तंदूरी रोटी और 8. Onion rice/प्याज वाले चावल

6.  Black whole Urad dal with rajma/red beans/काली साबुत उर्द की दाल और राजमा (मखानी दाल)-



सामग्री- उरद  की दाल 3/4, राजमा 1/4 , अदरक का टुकड़ा, लहसुन की दस कलियाँ , 1 बड़ा प्याज, एक चुटकी भर हिंग , 2-3 टमाटर , 2-3 हरी मिर्च, आधा कप मलाई , आधा कप दूध , नमक स्वादानुसार , आधा चाय का चम्मच लाल मिर्च पाउडर, आधा चम्मच गरम मसाला , हरा धनिया बारीक कटा हुआ, देशी घी एक बड़ा चम्मच , 6-7 कप पानी  ।


विधि- दाल और राजमा को 2-3 बार धोकर पूरी रात भर पानी में भिगो कर रखें । सुबह कुकर में डालने से पहले पानी निकाल लें । फिर 6-7 कप पानी डाल कर अदरक, हरी मिर्च , लहसुन और टमाटर के छोटे-छोटे टुकड़े डाल दें । इसके साथ ही नमक भी डाल दें । कुकर बंद करके आग पर रख दें । सीटी बजने के बाद करीब आधे घंटे कुकर को आग पर रखें पर मीडियम आग पर। कुकर के ठंडा होने पर खोलें और देखें की दाल और राजमा गल गए है या नहीं । पानी और दाल अलग नही होना चाहिए । इसे घोटे से अच्छी तरह घोटें । फिर इसमें यदि गाढ़ी है तो पानी की जगह दूध डालें और उबाल लें । यदि पतली है तो गाढ़ा कर लें और मलाई डाल दें। ठीक गाढ़ी होने पर आग से उतार लें । अब फ्राई पेन में देशी घी डाल कर आग पर रखें , गर्म हो जाने पर हिंग डालकर प्याज डाल दें , लाल होने पर लाल मिर्च पाउडर डाल दें और एकदम आग से उतार लें ताकि लाल मिर्च काली न हो जाए । इस छौंक को दाल में डाल दें , ऊपर से गर्म मसाला डाल दें । परोसते समय एक चम्मच मक्खन और बारीक कटा धनिया बुरक के सजा दें ।

विशेष - इस दाल को तंदूरी रोटी या सादे परांठे के साथ खाते हैं । यह दाल प्याज वाले चावलों के साथ भी बहुत  स्वाद लगाती है । मज़े की बात यह है कि इस दाल का असली स्वाद अगले दिन ही आता है । विशेषकर सुबह के नाश्ते में सादे परांठे और आम के अचार के साथ ।

Rajma/Chana/Kaali dal or makhani dal-

·      Soak one cup of rajma, channa or kaali dal with half cup of rajma for over night.
·        In the morning drain the water.
·        Put rajma/chana or kaali dal with half cup of rajma in the pressure cooker.
·        Cut onions, ginger and garlic paste (a small piece of ginger and 8-10 flakes of garlics) , tomato paste (2-3 big tomatoes) add them with rajma / chana  or kaali dal . (Remember: In kaali dal don’t put tomato puree but put them in small pieces.)
·        Add one tea spoon salt, one fourth tea spoon of turmeric, one tea spoon of chilli powder. (Remember: In kaali dal and chana don’t put turmeric). Add one table spoon of oil too.
·        Put 3 to 4 cups of water and boil it in pressure cooker. Close the lid too and place the whistle.
·        Keep on high flame till one whistle. After one whistle place on medium fire and keep for about twenty minutes.

·        Once the cooker is cool, open the cooker add coriander powder and garam masala. If u want add tadka. (take a little oil in pan and heat it and put little red chilli and put it in prepared rajma, chana and dal.) Remember: In chana, along with coriander powder and garam masala add 2-3 cut green chilli, half tea spoon of pepper powder and mango powder/amchur. In Kaali dal, add one fourth cup of milk, one big spoon of cream or curd and 2-3 cut green chilli along with garam masala , don’t put coriander powder. Garnish all of them with finely chopped green coriander.) 

7. तंदूरी रोटी - सादी रोटी बनाने के लिए जो आटा गूंधते हैं , उसे ही गूंध लीजिए । लोहे का तवा लेना है जो थोड़ा मोटा हो । यह तवा अच्छी तरह से साफ और सूखा हो , चिकना न हो । अब थोड़ा गुंधा आटे  का गोला लें , उसे
सूखे आटे में लपेट कर छोटी सी रोटी बना लें । उसमें थोडा तेल लगाकर बीच से आधा कर के फिर से गोले की तरह बना लें , ऐसा करने से रोटी में तह बनेंगी । अब सूखे आटे में लपेट कर इसे बेल लें , यह रोटी पूरी जितनी
बड़ी हो पर मोटी  हो । तवा गर्म होने पर रोटी के ऊपर थोड़ा सा पानी लगाकर पानी वाली तरफ को तवे पर चिपका दें ।  नीचे से जब रोटी सिक जाए तो तवे को गैस पर उलटा कर लें और धीमी आंच पर रोटी की दूसरी तरफ को भी सेंक लें । सिंक जाने पर तवे से रोटी खुरपी की सहायता से निकाल लें । उसमें देशी घी लगाकर ग्राम-गर्म परोसें ।

8. प्याज वाले चावल- 


सामग्री- एक कप चावल (ज़रा चावल) , एक बड़ा प्याज , 3-4 काली मिर्च, एक चाय का चम्मच जीरा, एक बड़ी इलायची, 3-4 लौंग, एक तेज पत्ता, एक टुकड़ा दाल -चीनी, थोड़ी-सी लाल मिर्च और गर्म मसाला पाउडर, नमक स्वादानुसार, डेढ़ कप पानी, एक बडा चम्मच  ।


विधि- चावल को दो -तीन बार धो कर एक तरफ रखा । प्रेशर कुकर में तेल डालकर गरम किया । उसमें जीरा, इलायची, लौंग, काली मिर्च, दाल-चीनी, तेज पत्ता डाल कर लाल कर लिया । फिर लम्बे कटे प्याज के टुकडे डाल दिए । जब प्याज लाल हो गए तो चावल डाल कर नमक, मिर्च पाउडर और गर्म मसाला पाउडर डाला और 3-4 मिनट इस मिश्रण को भूना । फिर डेढ़ कप पानी डाल कर कुकर बंद कर दिया , जैसे ही सीटी बजी , कुकर को गैस से उतार दिया और गरम तवे पर रख कर गैस बंद कर दिया । भाप निकलने पर गर्म-गर्म चावल दाल के साथ परोसें। 

5. Moong whole dal/ मूंग की साबुत दाल -


5. Moong whole dal/ मूंग की साबुत दाल -


सामग्री - मूंग की दाल एक कप , पानी ३-४ कप , चाय का पौना चम्मच नमक, आधा चाय का चम्मच लाल मिर्च, चाय का चौथाई चम्मच हल्दी, चाय का चौथाई चम्मच गर्म मसाला ,  अदरक का छोटा टुकड़ा , लहसुन की चार -पांच कलियाँ , एक चुटकी हिंग , 2-3 गाजरों  के छोटे-छोटे टुकड़े, देशी घी बड़ा चम्मच , एक बड़ा टमाटर, 2 हरी मिर्च, एक प्याज बारीक टुकड़ों में कटा हुआ ।


विधि- दाल को दो -तीन बार धो लें । चाहें  तो आधे घंटे के लिए भिगो दें   । प्रेशर कुकर में धुली दाल और पानी डाल दें । साथ में हल्दी, नमक, हरी मिर्च ,अदरक और लहसुन के छोटे -छोटे टुकड़े , टमाटर और गाजर के छोटे-छोटे टुकड़े काट कर डाल  दें । अब इसे आग में रख दें । सीटी बजने के बाद करीब दस मिनट रखें । एक फ्राई पेन में देशी घी डालकर उसे गर्म होने दें , हिंग डालकर उसमें प्याज के टुकड़े डाल दें और उसे लाल होने दें । लाल हो जाने पर इसमें लाल मिर्च पाउडर डाल दें । इस छौंक को दाल में डाल कर ऊपर से गर्म मसाला बुरक दें। साथ में हरा धनिया धोकर बारीक काट कर डाल दें । ध्यान रखना है कि दाल कुकर में उबलने के बाद उसका गाढ़ापन देखना है और उसे घोटे से अच्छी तरह से घोटे ताकि दाल और पानी अलग-अलग न दिखे। पर दाल अधिक गाढ़ी न हो और न ही अधिक पतली ।

विशेष - दाल में गाजर के स्थान पर लौकी भी डाल सकते हैं । मूँग की दाल 3/4 कप और चने की दाल 1/4 कप मिलाकर भी इस तरह बना सकते हैं ।


Friday, 4 May 2012

4. Moong green dal with husk /मूंग की छिलके वाली हरे रंग की दाल


४ .  मूंग की छिलके वाली हरे रंग की दाल -

सामग्री - एक कप मूंग की दाल , २ कप पानी , नमक आधा चाय का चम्मच, हल्दी चौथाई चाय का चम्मच , लाल मिर्च का पाउडर आधा चाय का चम्मच, अदरक का टुकड़ा, हरा धनिया , गर्म मसाला, हींग एक चुटकी भर, जीरा आधा चाय का चम्मच, दो चाय के चम्मच असली घी ।

विधि - दाल को दो-तीन बार धो लिया । फिर धुली दाल को प्रेशर कुकर में डाल दिया । उसमें दो कप पानी डाल दिया और नमक, हल्दी और अदरक के बारीक टुकड़े डाल के तीन -चार सीटी लगाईं । ठंडा होने पर दाल का गाढ़ापन ऐसा हो कि प्लेट में डालने पर पानी अलग होकर बहे नहीं । दाल गली हो और घुली- मिली हो । अब दाल में छौंक लगाया । पेन में घी डाला , गर्म होने पर हींग और जीरा डाला । जीरा लाल होने पर गैस बंद कर दिया और लाल मिर्च डाल दी । फिर डाल को परोसने वाले बर्तन में डाल दिया और छौंक को दाल में डाल दिया । इसके साथ ही कटा बारीक हरा धनिया और गर्म मसाला डाल दिया । 

तैयार होने का समय - इसे बनाने में करीब आधा घंटा लगता है ।

नोट - इस दाल के साथ सूखे जीरा आलू , करेले की सब्जी, भिण्डी, सूखी अरबी , मेथी की सब्जी अच्छी लगती है । साथ में फुल्के, चपाती और सादे पराठें अच्छे लगते हैं । दाल को अलग-अलग तरह से बनाने के लिए उबालते समय इसमें लौकी , गाजर , आलू डाल सकते हैं । लौकी के साथ और कोई सब्जी न डालें , गाजर के साथ आलू डाल सकते हैं । इससे दाल की पौष्टिकता तो बढ़ती ही है , साथ में उसका स्वाद भी बढ़ जाता है ।



Saturday, 28 April 2012

3. Moong yellow dal without husk and Palak (spinach)/ मूंग की दाल और पालक की सब्जी

३ . मूंग की दाल और पालक की सब्जी  -

सामग्री- मूंग की दाल (पीली वाली ) , एक गुच्छा पालक , अदरक का टुकड़ा , ५-६ लहसुन की कलियाँ , २-३ हरी मिर्च , २-३ मध्यम आकार के टमाटर, एक बड़ा प्याज , नमक  और हल्दी स्वादानुसार, जीरा एक चाय का चम्मच, हींग एक चुटकी , लाल मिर्च पाउडर आधा चाय का चम्मच , आधा चाय का चम्मच गर्म मसाला, देशी /शुद्ध घी एक करछी ।

विधि -  पालक को साफ कर के धो कर काट लें । दाल को धो लें । अब प्रेशर कुकर में पालक और दाल डाल दें । इसके साथ ही अदरक, टमाटर और लहसुन की कलियों को बारीक काट कर डाल दें । एक कप पानी डालें । नमक और हल्दी डाल कर प्रेशर कुकर का ढक्कन बंद करके सीटी लगा कर आंच पर रख दें । ३-४ सीटी बजने के बाद आग से कुकर उतार दें । छौंक के लिए बर्तन में शुद्ध घी डालें । गर्म हो जाने पर हींग और जीरा डाल दें । जीरे के लाल होने पर बारीक कटे हुए प्याज डाल दें । जब प्याज लाल हो जाएं तो लाल मिर्च पाउडर डाल कर गैस बंद कर दें । कुकर के ठंडा होने पर पालक और दाल को मिक्सी में पीस लें । पर ध्यान रखें कि ज्यादा महीन न करें, इसे दरदरा रहने दें । इस पालक और दाल को छौंक में डाल दें । आग पर एक -दो उबाल आने तक रखें । फिर गैस बंद कर दें और गर्म मसाला डाल कर एक बार हिला दें । 

नोट - इस सब्जी को सादी चपाती और परांठे के साथ परोसें । इसके साथ प्याज को गोल-गोल काट कर नीबू और नमक लगाकर खाएं । बहुत ही स्वादिष्ट लगती है । 

Wednesday, 25 April 2012

2. Moong Yellow dal Dahi Vade with sweet tamarind chatney and khatti green chutney/मूंग की दाल (पीली वाली ) के बड़े / दही बड़े . मीठी चटनी, हरी खट्टी चटनी

2. मूंग की दाल (पीली वाली ) के बड़े / दही बड़े 

सामग्री- मूंग की दाल एक कप , चौथाई कप उर्द दाल बिना छिलके वाली, हरी मिर्च दो , अदरक का छोटा-सा टुकडा, तलने के लिए तेल, दही , मीठी चटनी (इमली और गुड की ), हरी खट्टी चटनी (पुदीने और धनिये की ) ।
विधि -
मीठी चटनी - १०० ग्राम इमली लें । इमली को दो गिलास पानी में दो- तीन उबाल दिला दें ताकि इमली नरम पर जाए । ठंडा होने पर इमली को मसल कर उसका गाढा घोल निकाल लें । फिर इस गाढे घोल को एक बड़ी छलनी में छान लें । अब इस घोल को चौड़े और खुले बर्तन में डाल कर आग पर पकाने रख दें । इसमें १५० से २०० ग्राम गुड डाल दें , साथ में एक चाय का चम्मच नमक, आधा चम्मच लाल मिर्च पाउडर, एक चम्मच भुना जीरा ( तवे पर पहले से ही भून लें ) भी डाल दें । जब यह घोल गाढ़ा हो जाए तो गैस बंद कर दें ।

नोट- नमक और मिर्च अपनी पसंद के अनुसार ही डालें । यह माप केवल सुविधा के लिए लिखा है । यह चटनी एक महीने तक फ्रिज में रख सकते हैं ।

हरी खट्टी चटनी - एक गुच्छा हरा धनिया ( पत्ते अलग करके साफ कर पानी से दो -तीन बार धो लें ), आधा गुच्छा पुदीना , दो -तीन नीबू , तीन -चार हरी मिर्च , नमक स्वादानुसार । नीबू के अलावा सभी सामग्री को मिक्सी में डाल कर बारीक पीस लें । पिस जाने पर कांच के एक बड़े कटोरे में उलट लें और नीबू निचोड़ कर उसका रस इसमें डाल दें । नीबू का रस अपनी पसंद के अनुसार डालें । जितनी खट्टी चटनी पसंद हो , उतने नीबू का रस डालें । इस चटनी को शीशे की बोतल में फ्रिज में १० से १५ दिन तक रख सकते हैं ।

नोट - यदि मिक्सी में चटनी पिस न रही हो और पानी डालना पड़े तो पानी न डाल कर नीबू का रस डालें क्योंकि इससे चटनी १० से १५ दिन  तक फ्रिज में रख सकते हैं ।

बड़े - दोनों दालों को धोकर पानी में तीन से चार घंटो के लिए भिगो दें । पानी निकाल कर दाल को मिक्सी में डाल दें । साथ में अदरक का टुकडा और हरी मिर्च डाल दें । फिर मिक्सी में इसे बारीक पीस लें । तैयार मिश्रण को एक अलग  बर्तन में डाल दें और इसे अच्छी तरह से हिला कर फेटें जब तक कि यह हलका न हो जाए । इस मिश्रण में नमक स्वादानुसार डाल दें, फिर कड़ाई  में तेल डाल दें । जब तेल अच्छी तरह से गरम हो जाए तो धीमी आंच कर दें और चम्मच से इस मिश्रण को तेल में गोल-गोल डालें । जैसे ही यह फूल कर ऊपर आएँ, आंच मध्यम कर दें और इन्हें पलट दें । हल्का गुलाबी होने तक तल लें । फिर गरम-गरम हरी चटनी के साथ परोसें। 

अगर दही बड़े नरम बनाने हों तो इन बड़ों को कड़ाई से निकाल कर सीधा गरम पानी में भिगोते जाएँ , इस ही पानी में नमक मिलाना है । दही को अच्छी तरह से रई से फेंट लें या मिक्सी में फेंट लें । दही में बड़ों को डालने से पहले उन में से पानी निचोड़ कर ही उन्हें दही में डालें । परोसने वाली प्लेट में दही बड़े डाल कर ऊपर से मीठी और हरी चटनी डालें । साथ ही भुने जीरे का पाउडर और काली मिर्च पाउडर छिड़क दें । चाहें तो कटा हुआ धनिया और बेसन के बारीक़ सेव से सजा दें । 

1. Moong yellow dal without husk with cabbage/ मूंग की दाल (पीली वाली ) और पत्ता गोभी की सूखी सब्जी

1 . मूंग की दाल (पीली वाली ) और पत्ता गोभी की सूखी  सब्जी 

सामग्री - मूंग की दाल आधा कप , पत्ता गोभी २५० ग्राम बारीक कटी हुई , नमक, हल्दी, जीरा चाय का आधा चम्मच , राई का आधा चम्मच , हींग एक चुटकी भर , एक बड़ा प्याज बारीक़ कटा हुआ , २ मध्यम आकार के टमाटर छोटे -छोटे टुकड़ों में कटे हुए, गरम मसाला, एक करछी अथवा २ बड़े चम्मच तेल, दो-तीन हरी मिर्च, बारीक कटा हुआ हरा धनिया ।

विधि- दाल को दो- तीन बार धो लें । फिर दस मिनट के लिए भिगो दें । फिर गैस पर कड़ाई रखें । उसमें तेल डाल दें और तेल के गरम होने पर राई, जीरा और हींग डाल दें । जैसे  ही राई तड़कने लगे और जीरा थोडा भूरा हो जाए ,  प्याज के बारीक कटे हुए टुकड़े डाल दें । प्याज़ जब थोड़ा लाल हो जाए तो टमाटर के छोटे-छोटे कटे टुकड़े डाल दें । इसके साथ ही हरी मिर्च को भी छोटा-छोटा काट कर डाल दें । नमक और हल्दी डाल कर ढक कर मध्यम आंच पर पकने दें ताकि टमाटर के टुकड़े नर्म हो जाएं । बीच-बीच में करछी से हिलाते रहें ताकि मसाला जले नहीं । करीब दस मिनट में यह पूरा मसाला तैयार हो  जाएगा । जैसे ही तेल मसाले से अलग होता दिखाई दे , फौरन उसमें दाल से पानी निकाल कर दाल और बारीक कटी हुई पत्ता गोभी पानी से धोकर डाल दें । अच्छी तरह से हिलाकर , ढक्कन से ढककर धीमी आंच पर पकने के लिए रख दें । बीच-बीच में हिलाते रहें । पत्ता गोभी से पानी छूटेगा और उसमें दाल भी गल जाएगी । दाल का दाना सब्जी बनने पर दिखेगा पर दाल गल जाएगी । पानी सूख जाने पर और दाल के गल जाने पर गैस बंद कर दें । गरम मसाला मिला कर सब्जी हिला लें । इस सब्जी को परोसने वाले बर्तन में उलटा लें और उस पर बारीक कटा हुआ धनिया सजा दें । चाहें तो सख्त टमाटर के गोल टुकड़े, नीबू के टुकड़ों और हरी मिर्च को बीच में से चीर कर सजा कर परोसें ।

नोट - यह सब्जी सादे पराठों के साथ बहुत स्वादिष्ट लगती है ।

तैयार होने का समय - इस सब्जी के तैयार होने में २५ से तीस मिनट लगते हैं ।




Saturday, 14 April 2012

Spices specially GARAM MASALA - All the spices which are used in Indian North Indian Cooking

पकवान लिखने से पहले मैं सभी मसालों के बारे में लिखूंगी । ये सभी मसाले मैं खाना बनाते वक्त प्रयोग करती हूँ।

ये मसाले हैं -

१. नमक
२. हल्दी 
३. लाल मिर्च पाउडर
४. जीरा 
५. साबुत धनिया
६. धनिया पाउडर 
७. राई
८. हींग
9. अमचूर


10. कसूरी मेथी 

11. घर में तैयार गर्म मसाला-

सामग्री - 100  ग्राम जीरा, 20 ग्राम बड़ी इलायची , 20 ग्राम छोटी इलायची , २-३ जायफल, 20 ग्राम लौंग , 20 ग्राम दालचीनी , 20 ग्राम कालीमिर्च , 20 ग्राम तेज पत्ता ।

विधि - इन सभी मसालों को कड़ाई में थोड़ा गर्म कर लें । हल्का ठंडा होने पर मिक्सी में बारीक पीस लें । तैयार मसाले को सूखी-साफ शीशी में भरकर रख दें ।